काशीपुर। प्रतिबंधित इंजेक्शन के दो अभियोगों में संलिप्तता स्पस्ट होने पर वांछित अभियुक्ता को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने अभियुक्ता का एनडीपीएस एक्ट में चालान कर उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया है। बतादें कि बीती 18 नवंबर 2025 को लगभग 5000 से अधिक प्रतिबंधित बुप्रेनोर्फिन इंजेक्शन वाणिज्यिक मात्र बरामद किए गए थे। साथ ही विवेचना के दौरान लगभग 40,000 अन्य प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शनों की बरामदगी भी हुई। इस मामले में सह-अभियुक्त विपुल चौहान को पूर्व में ही गिरफ्रतार कर जेल भेजा जा चुका है। जांच के दौरान यह भी प्रकाश में आया कि अभियुक्तों द्वारा ड्रग लाइसेंस प्राप्त करने हेतु प्रस्तुत अनुभव प्रमाण पत्र फर्जी थे, जिसके आधार पर अभियोग में कूटरचना से संबंधित धाराओं की भी वृद्धि की गई है। विवेचना के दौरान अभियुक्ता रमीशा चौहान पुत्री श्री देवेंद्र सिंह चौहान निवासी बांसखेड़ा खुर्द थाना आईटीआई व हाल निवासी डिजाइन सेंटर मधुबन नगर की संलिप्तता स्पष्ट होने पर उसे गिरफ्रतार किया गया। पुलिस टीम में एसएसआई नवीन बुधानी, उपनिरीक्षक संजय सिंह, महिला कांस्टेबल इंदु राणा व कांस्टेबल पवन नाथ शामिल रहे।
संपादक : एफ यू खान
संपर्क: +91 9837215263
