लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सनातन समाज से जुड़े मुद्दे को लेकर भाजपा पर तीखा निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सनातन समाज आज से पहले इतना अधिक अपमानित कभी नहीं हुआ। अखिलेश यादव ने कहा कि सनातन समाज का हर धर्मप्रधान और विचारशील व्यक्ति अपमान के इस घटनाक्रम से बेहद दुखी है और सार्वजनिक रूप से बेइज्जत किए जाने की स्थिति को मजबूरी में सहन कर रहा है। उनके इन बयानों में भाजपा और सत्ता पक्ष के प्रति उनकी राजनीतिक असहमति स्पष्ट रूप से सामने आई। अखिलेश यादव ने कहा कि ऐसे वक्तव्य और टिप्पणियां समाज के मान-सम्मान, गरिमा और प्रतिष्ठा को चुनौती देने वाली हैं। उन्होंने कहा कि जो लोग अब तक भाजपा का समर्थन करने के लिए विभिन्न तर्क देते रहे हैं, वे भी इस घटनाक्रम के बाद लज्जित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने अपने बयान में कहा कि समाज अब अपने सम्मान की रक्षा के लिए सत्ता के अहंकार का जवाब देगा। उन्होंने सत्ता में बैठे लोगों पर निशाना साधते हुए ‘पद के मद’ का उल्लेख भी किया और कहा कि समय आने पर इसका जवाब दिया जाएगा। भाजपा के रवैये पर भी उठाए सवालसपा अध्यक्ष ने भाजपा के रवैये को लेकर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा को आगामी राजनीतिक परिस्थितियों का अंदाजा है और इसी कारण जाते-जाते वह दूसरों के लिए संभावनाएं समाप्त करने का प्रयास कर रही है। अखिलेश यादव ने भाजपा की राजनीति को नकारात्मक बताते हुए कहा कि सत्ता पक्ष का रवैया समाज के लिए उचित नहीं है। उन्होंने इस संदर्भ में अपनी राजनीतिक टिप्पणी के जरिए भाजपा पर हमला बोला और कहा कि नकारात्मक सोच रखने वाले लोग दूसरों के साथ-साथ स्वयं के लिए भी मुश्किलें पैदा करते हैं।अखिलेश यादव ने शंकराचार्य के साथ हुए व्यवहार को लेकर भी भाजपा सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के दौरान शंकराचार्य का लगातार अपमान किया जा रहा है और उनके साथ जिस तरह का व्यवहार हुआ है, उसका राजनीतिक असर भाजपा को भुगतना पड़ेगा। इससे पहले भी अखिलेश यादव शंकराचार्य और संत समाज से जुड़े मुद्दों पर भाजपा सरकार की आलोचना करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि सनातन समाज की भावनाओं और धार्मिक प्रतिष्ठा से जुड़े विषयों को राजनीतिक विवाद का हिस्सा बनाना उचित नहीं है। अखिलेश यादव ने दावा किया कि समाज के भीतर इस घटनाक्रम को लेकर व्यापक असंतोष है और लोग इसे अपने सम्मान से जोड़कर देख रहे हैं।सपा अध्यक्ष ने अपने बयान में भाजपा समर्थकों और उसके राजनीतिक सहयोगियों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जो लोग लंबे समय से भाजपा का समर्थन करते आए हैं, उनके सामने भी अब इस पूरे घटनाक्रम को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। अखिलेश यादव ने कहा कि सत्ता में बैठे लोगों को समाज की भावनाओं और धार्मिक संस्थाओं के सम्मान का ध्यान रखना चाहिए।हालांकि अखिलेश यादव के इन बयानों में भाजपा के खिलाफ कई राजनीतिक आरोप और दावे शामिल हैं, जिनमें से कुछ उनके राजनीतिक आकलन हैं। उपलब्ध रिपोर्टों में उनके बयानों को भाजपा की आलोचना के रूप में दर्ज किया गया है।
संपादक : एफ यू खान
संपर्क: +91 9837215263
